Jharkhand Crime. यह घटना झारखंड के गिरिडीह जिले के जमुआ क्षेत्र की है. नीरज राजस्थान में काम करता था. 4 जुलाई, 2026 को वह काम से घर लौट रहा था. उस की शादी होने वाली थी, लेकिन घर पहुंचने से पहले ही उस की हत्या कर दी गई.
ट्रेन से उतरते ही उस ने अपने पापा को फोन कर बताया कि वह पहुंच गया है. इसी दौरान उस का होने वाला साढ़ू सुभाष पासवान उसे रास्ते में अपने साथ ले गया.
जब नीरज घर नहीं पहुंचा तो फेमिली वाले परेशान हो गए. उन्होंने कई बार नीरज को फोन किया, लेकिन उस का मोबाइल स्विच्ड औफ मिला. इस के बाद फेमिली वालों ने होने वाले साढू सुभाष पासवान को फोन किया तो उस ने कहा कि वह नीरज को गाड़ी में बैठाकर रवाना कर चुका है.
बेटे के रात तक घर न पहुंचने पर फेमिली वालों ने थाने पहुंच कर एसएचओ को लिखित शिकायत दी. फेमिली वालों का आरोप है कि रिपोर्ट लिखने के बजाय पुलिस ने उन से यह कहा, कि नीरज कोई बच्चा नहीं है, मिल जाएगा.
इस के बाद भी 5 दिनों तक नीरज का कोई पता नहीं चला. फिर फेमिली वालों को सूचना मिली कि बिहार के जमुई जिले के बीचकोड़वा में उस की लाश मिली है. यह खबर मिलते ही पूरे परिवार में मातम छा गया.
हत्या की खबर पा कर परिवार में मातम छह गया. पुलिस ने जांच शुरू की. जांच के दौरान पुलिस ने नीरज के होने वाले साढ़ू सुभाष पासवान को गिरफ्तार किया.
नीरज की हत्या की सूचना मिलते ही एसपी डा. बिमल कुमार ने खोरी महुआ के एसडीपीओ अमरेंद्र कुमार के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की. जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि हत्या नीरज के होने वाले साढ़ू सुभाष पासवान ने की थी. पुलिस ने आरोपी सुभाष पासवान को गिरफ्तार कर लिया.
पूछताछ में उस ने बताया कि वह अपनी साली उर्मिला से प्रेम करता था और इसी वजह से उस ने नीरज की हत्या कर दी. पुलिस ने सुभाष व उसकी साली उर्मिला को गिरफ्तार कर लिया है.
उर्मिला ने पुलिस को बताया कि उस का सुभाष के साथ प्रेम संबंध था. सुभाष ने उस से कहा था कि वह नीरज से शादी न करे, क्योंकि वह उसे अपने साथ रखेगा. एसडीपीओ ने बताया कि सुभाष पासवान ने स्वीकार किया है कि उस ने अकेले ही इस वारदात को अंजाम दिया. पूछताछ के बाद पुलिस उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया.Jharkhand Crime






