Black Magic Scam. तंत्रमंत्र द्वारा लोगों की समस्याओं को दूर करने का दावा करने वाले तथाकथित तांत्रिकों की आए दिन पोल खुलती रहती है. इस के बावजूद भी लोग उन की ठगी का शिकार कैसे हो जाते हैं.
हर रोज किसी न किसी तांत्रिक की पोल खुलती रहती है. इस के बावजूद भी अच्छेअच्छे पढ़ेलिखे लोग उन के चंगुल में फंस जाते हैं. ग्वालियर क्षेत्र के लश्कर क्षेत्र में कुछ सालों पहले एक तांत्रिक ने पासा बाबा के नाम से अपना डेरा जमाया था. उस ने लोगों को यह बताया था कि उस पर किसी पीर बाबा की सवारी आती है. इस के बाद अपनी समस्याएं ले कर अनेक लोग उस की शरण में पहुंचने लगे. इस तरह वह लोगों को अपने झांसे में ले कर मोटी कमाई करने लगा.
कुछ ही समय में तंत्रमंत्र के नाम पर लोगों से लाखों रुपए ऐंठ कर एक दिन वह फरार हो गया. काफी भागदौड़ के बाद भी जब वह नहीं मिला तो पुलिस ने उस के ऊपर 10 हजार रुपए का इनाम रख दिया. उसे गायब हुए करीब 16 साल बीत चुके थे.
14 दिसंबर, 2016 की बात है. ग्वालियर कोतवाली के थानाप्रभारी विजय सिंह तोमर को एक मुखबिर ने तांत्रिक पासा बाबा के बारे में एक गोपनीय जानकारी दी. जानकारी मिलते ही थानाप्रभारी तोमर एएसआई वीरेंद्र सिंह कुशवाह, हैडकांस्टेबल शैलेंद्र सिंह चौहान आदि को ले कर ग्वालियर शहर के रौक्सी सिनेमा के नजदीक पहुंच गए. कुछ देर बाद रौक्सी सिनेमा के पास जो पान की दुकान थी. उस के पास तांत्रिक पासा बाबा दिखाई दिया. मुखबिर के इशारे पर पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया.
पूछताछ में उस ने कहा कि वह कोई तांत्रिक या बाबा नहीं है बल्कि उस का नाम बबलू है. पुलिस के साथ जो मुखबिर था उस ने पुलिस को इशारे से बता दिया था कि वही तांत्रिक पासा बाबा है. फिर पुलिस ने उसे थाने ले जा कर सख्ती से पूछताछ की.
थोड़ी सख्ती पर ही वह थानाप्रभारी के पैरों में गिर कर बोला, ‘‘साहब, मैं ही तांत्रिक पासा हूं.’’ यहीं पर रौक्सी टाकीज के पीछे की कालोनी में उस का एक औफिस था.
उस ने बताया कि उस के गुरु जाकिर मलिक ने अनेक शहरों में तंत्रमंत्र के द्वारा लोगों की समस्याएं दूर करने के औफिस खोल रखे हैं. उन्होंने अलगअलग जगहों पर तांत्रिक की वेशभूषा में अपने चेलों हरमन, अन्नू मलिक, नवाब मलिक आदि को बिठा रखा है. चूंकि तांत्रिक पासा ने कई लोगों को ठगा था इसलिए जैसे ही लोगों को उस के गिरफ्तार होने की खबर मिली तो ठगी का शिकार बने कई लोग थाने पहुंचने लगे.
थाने में प्रीति जैन नाम की एक युवती ने बताया कि उस का मंगेतर उस से शादी करने से कन्नी काट रहा था. जबकि वह उसे बहुत चाहती थी. मंगेतर को शादी करने के लिए कैसे मनाया जाए यही उपाय पूछने के लिए वह तांत्रिक पासा के पास गई थी. तांत्रिक पासा ने तांत्रिक क्रियाएं करने आदि के नाम पर उस से 21 हजार रुपए ठग लिए.
प्रीति के अलावा 70 साल की जसवंत नाम की वृद्ध महिला भी थाने पहुंची. जसवंत की समस्या यह थी कि उन की कमर व घुटनों में अकसर दर्द रहता था. किसी ने उन्हें तांत्रिक पासा के बारे में बताया.
इधरउधर से इलाज करा कर हार चुकीं जसवंत तांत्रिक पासा के पास गईं तो उस ने तांत्रिक क्रिया द्वारा उन्हें ठीक करने के नाम पर 70 हजार रुपए ले लिए. पर उन का दर्द ठीक नहीं हुआ.
प्रीति और जसवंत की तरह तांत्रिक पासा की ठगी का शिकार बने अन्य कई लोगों ने भी थाने पहुंच कर उस तथाकथित तांत्रिक के करतूतों की पुष्टि की.
दरअसल ग्वालियर की छावनी निवासी कविता नाम की एक महिला ने कोतवाली में लिखित शिकायत दी कि उस की शादी को 10 साल बीत जाने के बाद भी जब कोई बच्चा पैदा नहीं हुआ तो किसी के कहने पर वह तांत्रिक पासा के पास गई थी. उस तांत्रिक के बारे में उस ने अखबारों में भी विज्ञापन पढ़ रखा था. तांत्रिक के अड्डे पर रिसैप्शन पर जो शख्स बैठा था उस ने सब से पहले उस से पासा से मिलने की 300 रुपए फीस ली.
उस की उस ने बाकायदा रसीद भी काट कर दी थी. तांत्रिक पासा से कुछ देर बाद मुलाकात हुई तो कविता ने उसे अभी तक मां नहीं बन पाने की समस्या बताई. तब तांत्रिक पासा ने पूजा के नाम पर उस से 11 हजार रुपए लिए. इतना ही नहीं पासा ने पूजा के समय उस से उस की समस्त ज्वैलरी भी पोटली में बांध कर रखवा ली.
पूजा खत्म होने के बाद उस ने वह ज्वैलरी की पोटली उसे सौंपते हुए कहा कि वह 3 महीने बाद इस पोटली को खोले. कविता ने ऐसा ही किया. 3 महीने बाद जब उस ने वह पोटली खोली तो उस में उस की ज्वैलरी की जगह आर्टिफिशिल ज्वैलरी मिली. यह देख कर कविता के होश उड़ गए. वह भागीभागी तांत्रिक पासा के औफिस गई तो वहां औफिस बंद मिला. तब कविता को समझ आया कि वह ठगी जा चुकी है.
पुलिस ने कविता की शिकायत पर रिपोर्ट दर्ज कर ली और तथाकथित तांत्रिक पासा की तलाश शुरू कर दी. पर उस का कहीं पता नहीं चला. काफी दिनों बाद भी तांत्रिक पासा के बारे में कोई जानकारी हाथ नहीं लगी तो तत्कालीन एसपी हरिनारायण चारी ने ने तांत्रिक पासा की गिरफ्तारी पर 10 हजार रुपए का इनाम घोषित कर दिया.
थाना कोतवाली ने मुखबिरों को एलर्ट कर ही रखा था. फिर 14 दिसंबर, 2016 को मुखबिर की सूचना पर तांत्रिक पासा को शहर के रौक्सी सिनेमा के पास से गिरफ्तार कर लिया.
तांत्रिक पासा ने पुलिस को बताया कि वह खुद अकेला ही ग्वालियर शहर में 5 औफिस चलाता था. वहां पर उस ने अपने चेलों को बैठा रखा था.
मोटी आसामी फंसने पर चेले तांत्रिक पासा को फोन कर देते थे तो वह तरहतरह की तांत्रिक क्रियाओं के नाम पर उस आसामी से मोटी रकम वसूल लेता था. उस के पास केवल महिलाएं नहीं आतीं, बल्कि क्षेत्र के कई राजनेता भी आते थे. उन से भी वह खासी रकम ऐंठ लेता था.
उस ने बताया कि उस के पास संतानहीन महिलाओं के अलावा प्रेमसंबंधों में चोट खाई युवतियां भी आती थीं. यह उस की मोटी कमाई का जरिया थीं. वह उसे मुंहमांगी रकम देती थीं.
वह उन्हें तांत्रिक क्रियाएं करने का कठिन तरीका बताता था. यदि उस के पास आने वाले लोगों का काम नहीं होता तो वह उन से कह देता था कि तांत्रिक क्रिया में कोई कमी रह गई होगी. इस तरह ठगी गई महिला किसी से कोई शिकायत भी नहीं करती थी. इस तरह उस ने तमाम महिलाओं को बेवकूफ बना कर उन ने मोटी कमाई की.
विस्तार से पूछताछ करने के बाद थानाप्रभारी विजय सिंह तोमर ने उस की निशानदेही पर उस की गैंग के अन्य लोगों की गिरफ्तारी के लिए दबिशें दीं पर सफलता नहीं मिली. पुलिस ने तांत्रिक पासा बाबा को न्यायालय में पेश किया जहां से उसे जेल भेज दिया गया. Black Magic Scam
— इसके बाद अदालती कार्रवाई में क्या हुआ यह ज्ञात नहीं है.
— 2017 में प्रकाशित






