देह की राह के राही –  भाग 3
3 जून की शाम को राजीव उससे मिलने आया तो सुमन ने एक बड़ी फरमाइश कर डाली. हजारों की बात होती तो शायद वह तैयार भी हो जाता, लेकिन यहां तो मामला लाखों का था, इसलिए राजीव ने मना कर दिया.
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