Headless Body In Train : बिहार के छपरा से लखनऊ आने वाली गोमतीनगर एक्सप्रैस में रविवार सुबह एक युवती की सिरकटी लाश मिल ने से हड़कंप मच गया. आखिर किस की थी यह लाश और कौन था इस जघन्य वारदात का कातिल, आइए जानते हैं, इस पूरी कहानी को विस्तार से.
यह घटना बिहार के छपरा से लखनऊ आने वाली गोमतीनगर एक्सप्रैस ट्रेन से जुड़ी है, जहां रविवार सुबह गोमती नगर रेलवे स्टेशन पर एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई.
ट्रेन के स्लीपर कोच में एक टीन के बौक्स के अंदर एक युवती का सिर कटा शव मिलने से पूरे रेलवे परिसर में हड़कंप मच गया.
शव के साथ और भी भयावह स्थिति सामने आई, जहां हाथपैर अलगअलग पौलीथिन में पैक कर बैग में रखे गए थे, जबकि महिला का सिर गायब था, जिस से उस की पहचान अब तक नहीं हो सकी है.
जानकारी के अनुसार यह ट्रेन छपरा से शाम के समय रवाना हो कर कई बड़े स्टेशनों से होते हुए लखनऊ के गोमती नगर स्टेशन तक पहुंचती है. रास्ते में लगभग 20 से अधिक स्टेशन आते हैं, लेकिन जांच एजेंसियों का फोकस उन स्टेशनों पर है जहां ट्रेन लंबा या संदिग्ध रूप से रुकती है.
शुरुआती जांच में थावे स्टेशन को सबसे अहम माना जा रहा है, जहां ट्रेन लगभग 30 मिनट तक खड़ी रहती है, जिस से इस दौरान भारी सामान चढ़ाए जाने की संभावना जताई जा रही है. इस के अलावा कप्तानगंज स्टेशन भी जांच के दायरे में है, जहां देर रात ट्रेन कुछ मिनटों के लिए रुकती है और निगरानी अपेक्षाकृत कम हो सकती है.
पुलिस का मानना है कि हत्या किसी एक स्थान पर बेहद सुनियोजित तरीके से की गई है. धारदार हथियार से शव के टुकड़े किए गए हैं और पहचान छिपाने के लिए सिर को गायब कर दिया गया. मृतका सलवार-सूट पहने हुई थी और शरीर पर कई चोटों के निशान भी पाए गए हैं.
आशंका जताई जा रही है कि हत्या कहीं और की गई और बाद में शव को ट्रेन में रखकर फेंक दिया गया, ताकि पहचान और सुराग दोनों मिटाए जा सकें. अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि यह बक्सा ट्रेन में कब और किस स्टेशन पर रखा गया.
रेलवे सूत्रों के मुताबिक ट्रेन के 21 कोचों की जांच के दौरान एक लावारिस टीन का बक्सा और बैग मिला था, जिस पर शुरुआत में ज्यादा ध्यान नहीं दिया गया. जब ट्रेन खाली हुई और सफाई कर्मियों ने जांच की तो संदिग्ध सामान का पता चला.
सूचना मिलते ही जीआरपी मौके पर पहुंची और बक्सा खोला गया, तो अंदर का दृश्य देखकर सभी सन्न रह गए.
बक्से में एक युवती का सिर कटा हुआ धड़ था और पास के बैग में उस के हाथपैर अलगअलग पौलीथिन में रखे गए थे. इस खौफनाक तरीके से साफ था कि हत्या के बाद पहचान मिटाने की पूरी कोशिश की गई है. रेलवे एसपी रोहित मिश्रा के अनुसार मृतका की उम्र लगभग 25 से 30 वर्ष के बीच लग रही है. फिलहाल पुलिस की 3 टीमें अलगअलग एंगल से जांच में जुटी हैं और पूरे मामले की गुत्थी सुलझाने की कोशिश की जा रही है.Headless Body In Train






