Chambal River Honor killing Case. औनर किलिंग के एक बेहद दर्दनाक मामले ने रिश्तों को शर्मसार कर दिया. 18 वर्षीय खुशी प्रेम प्रसंग में गर्भवती हो गई तो उस के पिता लखपत सिंह बघेल ने दामाद सुनील के साथ मिल कर अपनी गर्भवती बेटी की चंबल नदी में डुबो कर न सिर्फ हत्या कर दी, बल्कि उसे नदी में बहा दिया. इस के बाद पुलिस में बेटी की गुमशुदगी दर्ज करा कर अपराध छिपाने का प्रयास किया, लेकिन खौफनाक हत्याकांड की ऐसी सच्चाई सामने आई कि...
''बेटी, अभी भी समय है. तुम खुद ही नदी में उतर जाओ और डूब कर मर जाओ, मेरे हाथों से यह अपराध मत कराओ.’’ लखपत सिंह ने यह कहते हुए बेटी को चंबल नदी में डूब कर आत्महत्या करने को कहा.
पापा की कांपती आवाज सुन कर नदी किनारे खड़ी युवती की आंखों से आंसू बह निकले. उस ने दोनों हाथ जोड़ दिए, ''पापाजी, मैं ने कोई अपराध नहीं किया. मेरे पेट में आप की ही नातिन या नाती पल रहा है. मुझे और उसे जीने दीजिए. मैं कहीं दूर चली जाऊंगी... आप की जिंदगी में कभी वापस नहीं आऊंगी.’’
कुछ क्षण के लिए सन्नाटा छा गया. दूर बहती चंबल नदी की लहरें मानो उस असहाय की पुकार सुन रही थीं, लेकिन उस के पापा के चेहरे पर दया नहीं, बल्कि समाज के डर की कठोर परछाई थीं.
लखपत सिंह के साथ खड़ा उस का दामाद सुनील चुपचाप मोबाइल का कैमरा संभाले पूरे घटनाक्रम का फोटो और वीडियो बनाने में लगा हुआ था.
''बहुत बोल लिया तुम ने...’’ पिता ने दांंत पीसते हुए कहा, ''आज अगर तुम्हें छोड़ दिया तो कल लोग मेरी तरफ अंगुली उठाएंगे, कहेंगे घर में कुंवारी लड़की प्रैग्नेंट हो गई और बाप को हवा तक नहीं लगी. लोग मेरा जीना दूभर कर देंगे. मैं बदनामी भरी जिदंगी नहीं जीना चाहता.’’






