Love Crime: चंदौसी शहर के जूता कारोबारी राहुल ने रूबी से लव मैरिज करने के बाद उसे हर तरह की सुखसुविधाएं दीं. लेकिन 2 बच्चों की मां बनने के बावजूद रूबी पति की आंखों में धूल झोंक कर 2-2 प्रेमियों के साथ गुलछर्रे उड़ा रही थी. प्यार में अंधी हो चुकी रूबी के इरादे एक दिन इतने खौफनाक हो गए कि....

रूबी की जिंदगी एक त्रिकोणीय प्रेम प्रसंग में फंस गई थी. वह प्रेमी अभिषेक व दूसरे प्रेमी गौरव और पति राहुल के बीच फंसी हुई थी. रूबी के लिए यह त्रिकोण नहीं, बल्कि 3 दिशाओं में बिखरा हुआ मन था. पति राहुल स्थिरता और परिवार में समन्वय  बनाए रखने के भ्रम के साथ परिवार को खुशहाल बनाए रखने की कोशिश में लगा हुआ था. इसी तरह उस की शादी के 15 साल बीत चुके थे. दूसरी तरफ अभिषेक, जो उस के पति और समाज में रूबी को बहन बता कर दिन में भैया रात में सैंया की कहावत को चरितार्थ कर रहा था. अपनी धनदौलत के सहारे रूबी की मस्त जवानी का इस्तेमाल कर रहा था. अभिषेक के साथ रूबी 15 साल पहले जैसे यौन आनंद लिए जाने में मस्त थी. अभिषेक बहुत समझदार था.

तीसरा आशिक गौरव ने कुछ महीने पहले इस कहानी में एंट्री की थी. वह जवानी के जुनून में इस तरह अंधा हो गया था, जैसे कि सांप केंचुली आने पर हो जाता है. रूबी से उस का संपर्क हुआ. इसी दौरान अभिषेक से भी मुलाकात हुई. दोनों में दोस्ती हो गई. अभिषेक की तरह गौरव भी रूबी को बहन कहने लगा था और उस के बच्चे भी अभिषेक की तरह गौरव को भी मामा कहते थे. यह मामला उत्तर प्रदेश के जिला संभल की सब से उन्नतशील तहसील चंदौसी का है. संभल के जिला बनने से पहले चंदौसी को ही जिला बनाने की मांग उठती रही थी. जिला होने के सभी मानक भी चंदौसी पूरे करती थी, लेकिन राजनीतिक खेल की वजह से संभल को जिला घोषित कर दिया गया था, लेकिन मुख्यालय काफी दूर बहजोई में बनाया गया.

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