Love Affair Murder. नागेंद्र माधुरी को सच्चा प्यार करता था, जबकि रणंजय के प्यार में पड़ी माधुरी को नागेंद्र राह का कांटा लगता था. उस ने जिस के लिए इस कांटे को निकलवाया, क्या वह उस की हो पाएगी?
रात साढ़े 7 बजे उत्तर प्रदेश के जिला गोरखपुर के थाना बांसगांव के गांव सवरूपुर के रहने वाले शेषनाथ सिंह को फोन कर के किसी परिचित ने बताया कि उस का भाई नागेंद्र धनौजी पुलिया के पास घायल पड़ा है. उस की मोटरसाइकिल वहीं खड़ी है. यह जानकारी मिलते ही शेषनाथ सिंह गांव के कुछ लोगों को साथ ले कर धनौजी पुलिया पर पहुंचे तो नागेंद्र वहां औंधे मुंह पड़ा था.
उस के सिर से खून बह रहा था. ध्यान से देखा गया तो पता चला कि उसे गोली मारी गई थी. थोड़ी ही देर में घर के अन्य लोगों के साथ नागेंद्र की पत्नी माधुरी भी वहां पहुंच गई. नागेंद्र की हालत देख कर सभी रोने लगे थे. उसे हिलाडुला कर देखा गया तो उस के शरीर में कोई हरकत नहीं हुई.
गांव वालों की मदद से नागेंद्र को खजनी के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां के डाक्टरों ने उसे गोरखपुर जिला अस्पताल ले जाने को कहा. किसी ने नागेंद्र को गोली मारे जाने की सूचना थाना बांसगांव पुलिस को दे दी थी.
सूचना मिलते ही थानाप्रभारी ब्रजेश यादव पुलिस बल के साथ खजनी के स्वास्थ्य केंद्र पहुंच गए. डाक्टरों के अनुसार नागेंद्र मर चुका था, लेकिन घर वालों की जिद की जवह से पुलिस उसे गोरखपुर के नेताजी सुभाषचंद्र बोस जिला अस्पताल ले गई. वहां के डाक्टरों ने भी उसे मृत घोषित कर दिया.






