Rajasthan News: राजस्थान के निलंबित डीएसपी रितेश पटेल ने अपनी नौकरी फिर से बहाल कराने के लिए कारोबारी दोस्त अनिंदो बनर्जी से मोटी रकम कर्ज के रूप में ली. इस के बाद वह इस रकम को न सिर्फ डकार गया, बल्कि दोस्त बनर्जी को फंसाने के लिए झूठी एफआईआर का पूरा जाल बुन दिया. फिर अपने ही बुने जाल में पुलिस औफिसर रितेश ऐसा फंसा कि उस के फरजीवाड़े की परतें उतरती चली गईं. आप भी पढ़ें उस की वरदी के रौब की पूरी कहानी.
रात के 11 बजने वाले थे. रियल एस्टेट कारोबारी अनिंदो बनर्जी सोने की तैयारी कर चुके थे. अपनी दिनचर्या के मुताबिक वह हमेशा अपना मोबाइल रात को चार्ज करने के लिए लगा दिया करते थे. वह अभी मोबाइल चार्जर को प्लग में लगा कर मुड़े ही थे कि फोन पर एक मैसेज आने की टोन सुनाई दी. अमूमन इस तरह के मैसेज को वह नजरंदाज कर दिया करते थे, किंतु उस वक्त उन के मन में न जाने क्या आया कि उन्होंने मोबाइल को हाथ में उठा लिया.
उन्होंने देखा कि स्क्रीन पर एक नया मैसेज झलक रहा है. उस के शुरुआती शब्दों ने उन्हें चौंका दिया. लिखा था एफआईआर...उस के बाद के शब्द अधूरे थे. बनर्जी को उसे पढऩे की जिज्ञासा हुई. अचानक मुंह से निकल पड़ा, ''एफआईआर! वाट्सऐप मैसेज!’’
उसे आगे पढऩे के लिए वह स्क्रीन को टच करने ही वाले थे कि मन में खयाल आया... 'कहीं ये साइबर क्राइम का लिंक तो नहीं!’ इसी के साथ उन्होंने अंगुली हटा ली. सोच में पड़ गए...'जरूर किसी ने उन्हें डराने की कोशिश की है. वैसे यह मैसेज है, इस में लिंक नीचे होगा.’






