Chhattisgarh Crime: प्यार में अंधी हुई उर्मिला निषाद शादीशुदा विजय बांधे से प्यार कर बैठी. प्रेमी उस के जिस्म से खेलता रहा, लेकिन जैसे ही उर्मिला ने उस पर शादी का दबाव बनाने की भूल की तो विजय एक दिन इतना खूंखार बन गया कि...
अपनी प्रेमिका उर्मिला निषाद को ठिकाने लगाने के लिए विजय बांधे मौके की तलाश कर रहा था. योजना के मुताबिक उस ने पहले हार्डवेयर दुकान से सब्जी काटने वाला चाकू खरीदा और 7 दिसंबर 2025 रविवार की शाम उस ने उर्मिला को फोन लगाया तो उर्मिला ने उस से कहा, ''हां विजय, बोलो क्या बात है?’’
विजय एक कैटरर था, इसलिए उस ने उर्मिला को बताया, ''उर्मिला, बात दरअसल यह है कि आज रात एक प्रोग्राम में खाना बनाने के लिए और्डर बुक हुआ है, हमें वहां चलना पड़ेगा.’’ विजय ने बताया.
''लेकिन पहले तो तुम ने बताया नहीं कि आज का कोई कैटरिंग का और्डर है.’’ उर्मिला ने आशंका जताते हुए कहा.
''असल में क्या है उर्मिला, यह और्डर अर्जेंट में आज ही बुक हुआ है, इसलिए पहले से तुम्हें मैं कैसे बताता.’’ विजय ने सफाई देते हुए कहा.
''ठीक है, मैं तैयार होती हूं, मगर जाना कहां है, यह तो तुम ने बताया नहीं.’’ उर्मिला बोली.
''तुम्हें आम खाने हैं या पेड़ गिनने हैं, जल्दी से तैयार हो जाओ, मैं तुम्हें लेने आ रहा हूं.’’ उर्मिला पर अधिकार जमाते हुए विजय ने फोन काट दिया.
शाम का अंधेरा होते ही विजय ने अपनी बाइक निकाली और उर्मिला के घर की तरफ चल दिया. उर्मिला घर से निकलने को तैयार थी. जैसे ही विजय ने उस के घर के सामने बाइक रोक कर हार्न बजाया, उर्मिला अपने छोटे से बैग के साथ घर से बाहर निकल आई और झट से विजय की बाइक पर बैठ गई.






